Thursday, 11 August 2016

वो कहने लगी नकाब में भी पहचान लेते हो


वो कहने लगी नकाब में भी पहचान लेते हो… हजारों के बीच… मेंने मुस्करा के कहा तेरी आँखों से ही शुरू हुआ था “इश्क” हज़ारों के बीच…

No comments:

Post a Comment